श्रीराम कॉलेज Muzaffarnagar के बॉक्सरों का दमदार प्रदर्शन, पुरुष-महिला वर्ग में जीते पदक; शिवांकी और लक्ष्य ने हासिल किया स्वर्ण
Muzaffarnagar। Boxing Tournament में श्रीराम कॉलेज, मुजफ्फरनगर के खिलाड़ियों ने पुरुष एवं महिला वर्ग में शानदार प्रदर्शन करते हुए अपनी खेल प्रतिभा का प्रभाव छोड़ा। मां शाकुम्भरी विश्वविद्यालय, सहारनपुर से संबद्ध महाविद्यालयों के अंतरमहाविद्यालयी बॉक्सिंग टूर्नामेंट में अलग-अलग जिलों से पहुंचे खिलाड़ियों ने अपनी क्षमता का प्रदर्शन किया। प्रतियोगिता में श्रीराम कॉलेज के खिलाड़ियों ने विभिन्न भार वर्गों में पदक हासिल कर महाविद्यालय का नाम रोशन किया।
श्रीराम कॉलेज, मुजफ्फरनगर को मां शाकुम्भरी विश्वविद्यालय की ओर से अंतरमहाविद्यालयी बॉक्सिंग प्रतियोगिता के आयोजन की जिम्मेदारी सौंपी गई थी। इसी क्रम में पुरुष एवं महिला वर्ग के खिलाड़ियों के बीच मुकाबले आयोजित किए गए। प्रतियोगिता का उद्देश्य विश्वविद्यालय स्तर पर प्रतिभाशाली खिलाड़ियों का चयन करना भी रहा, ताकि चयनित खिलाड़ी आगे विश्वविद्यालय की टीम का प्रतिनिधित्व कर सकें।
आयोजन के शुभारंभ अवसर पर मुख्य अतिथि के रूप में चौधरी अमित पंवार, प्रमुख सदर, मुजफ्फरनगर उपस्थित रहे। उनके साथ श्रीराम कॉलेज की प्राचार्या डॉ. प्रेरणा मित्तल, डॉ. विनीत कुमार शर्मा, डीन एकेडमिक्स, श्रीराम कॉलेज तथा अन्य गणमान्य लोग मौजूद रहे। मां शाकुम्भरी विश्वविद्यालय की ओर से डॉ. रीता बोरा, सेलेक्टर ने प्रतियोगिता में प्रतिनिधित्व किया।
बॉक्सिंग रिंग में विभिन्न महाविद्यालयों के खिलाड़ियों का जोरदार मुकाबला
अंतरमहाविद्यालयी बॉक्सिंग प्रतियोगिता में मां शाकुम्भरी विश्वविद्यालय से संबद्ध विभिन्न जिलों के महाविद्यालयों से खिलाड़ी पहुंचे। प्रतियोगिता में पुरुष और महिला दोनों वर्गों में खिलाड़ियों ने हिस्सा लिया। मुकाबलों के दौरान खिलाड़ियों ने तकनीक, गति, आक्रामकता और आत्मविश्वास का प्रदर्शन किया।
प्रतियोगिता में गोचर महाविद्यालय, रामपुर मनिहारान, सहारनपुर, हरि कॉलेज मैनेजमेंट, सहारनपुर, एसकेडी डिग्री कॉलेज बघरा, एसकेडीवी झिंझाना, एसवीएम योगा एंड हेल्थ साइंस, मुजफ्फरनगर, एमडी कॉलेज, सहारनपुर, डीएसएम डिग्री जंढेड़ी, आईआईएमटी कॉलेज, सहारनपुर, बीआईटी, मुजफ्फरनगर, गवर्नमेंट डिग्री कॉलेज ननौता, एमएल एंड जेएनके गर्ल्स कॉलेज, सहारनपुर, जेवी जैन कॉलेज, सहारनपुर, श्रीराम कॉलेज, मुजफ्फरनगर, डीएवी कॉलेज, मुजफ्फरनगर, दून कॉलेज तथा एसडी कॉलेज, मुजफ्फरनगर के खिलाड़ियों ने प्रतिभाग किया।
इस तरह प्रतियोगिता में सहारनपुर और मुजफ्फरनगर सहित आसपास के क्षेत्रों के कई महाविद्यालयों की खेल प्रतिभाएं एक ही मंच पर दिखाई दीं। पुरुष और महिला दोनों वर्गों में विभिन्न भार वर्गों के मुकाबले कराए गए।
श्रीराम कॉलेज के खिलाड़ियों ने कई भार वर्गों में हासिल किए पदक
प्रतियोगिता में श्रीराम कॉलेज के खिलाड़ियों का प्रदर्शन विशेष रूप से उल्लेखनीय रहा। पुरुष वर्ग के 47 किलोग्राम से 50 किलोग्राम भार वर्ग में श्रीराम कॉलेज के बीकॉम प्रथम वर्ष के छात्र शिवम देव ने द्वितीय स्थान प्राप्त किया। इसी भार वर्ग में बीपीएड प्रथम वर्ष के छात्र श्रेयराज ने तृतीय स्थान हासिल किया।
55 किलोग्राम से 60 किलोग्राम भार वर्ग में श्रीराम कॉलेज के बीसीए तृतीय वर्ष के छात्र लक्ष्य ने शानदार प्रदर्शन करते हुए स्वर्ण पदक अपने नाम किया। उनके प्रदर्शन ने प्रतियोगिता में श्रीराम कॉलेज की स्थिति को मजबूत किया।
60 किलोग्राम से 65 किलोग्राम भार वर्ग में श्रीराम कॉलेज के बीपीईएस द्वितीय वर्ष के छात्र अनुराग सैनी ने तृतीय स्थान प्राप्त किया। इस प्रकार पुरुष वर्ग में कॉलेज के खिलाड़ियों ने अलग-अलग भार वर्गों में पदक हासिल कर अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन किया।
महिला बॉक्सरों ने भी दिखाया दम, शिवांकी ने जीता स्वर्ण
महिला वर्ग में भी श्रीराम कॉलेज की खिलाड़ियों ने शानदार प्रदर्शन किया। 48 किलोग्राम से 51 किलोग्राम भार वर्ग में बीपीईएस तृतीय वर्ष की छात्रा अंशिका त्यागी ने द्वितीय स्थान हासिल किया।
वहीं 57 किलोग्राम से 60 किलोग्राम भार वर्ग में श्रीराम कॉलेज की बीपीएड प्रथम वर्ष की छात्रा शिवांकी ने बेहतरीन प्रदर्शन करते हुए स्वर्ण पदक प्राप्त किया। उनके प्रदर्शन को महाविद्यालय की ओर से विशेष उपलब्धि के रूप में देखा गया।
महिला वर्ग में शिवांकी की स्वर्ण पदक उपलब्धि ने यह भी दिखाया कि कॉलेज में महिला खिलाड़ियों को खेल के क्षेत्र में आगे बढ़ने के अवसर मिल रहे हैं। बॉक्सिंग जैसे प्रतिस्पर्धात्मक खेल में पदक हासिल करना खिलाड़ी की मेहनत, अभ्यास और प्रतियोगिता के दौरान प्रदर्शन का परिणाम होता है।
शिवम देव से लेकर अनुराग सैनी तक, पुरुष खिलाड़ियों ने छोड़ी छाप
श्रीराम कॉलेज के पुरुष खिलाड़ियों ने भी अलग-अलग भार वर्गों में अपनी क्षमता का प्रदर्शन किया। बीकॉम प्रथम वर्ष के शिवम देव ने 47 से 50 किलोग्राम वर्ग में दूसरा स्थान हासिल किया, जबकि बीपीएड प्रथम वर्ष के श्रेयराज ने इसी वर्ग में तीसरा स्थान प्राप्त किया।
55 से 60 किलोग्राम वर्ग में बीसीए तृतीय वर्ष के लक्ष्य ने स्वर्ण पदक हासिल कर शीर्ष स्थान प्राप्त किया। वहीं बीपीईएस द्वितीय वर्ष के अनुराग सैनी ने 60 से 65 किलोग्राम वर्ग में तीसरा स्थान प्राप्त किया।
इन खिलाड़ियों की उपलब्धियां कॉलेज के खेल विभाग के लिए भी महत्वपूर्ण हैं। विभिन्न शैक्षणिक कार्यक्रमों से जुड़े विद्यार्थियों का खेल प्रतियोगिताओं में आगे आना यह दर्शाता है कि उच्च शिक्षा संस्थानों में अकादमिक गतिविधियों के साथ खेल प्रतिभाओं को भी मंच मिल रहा है।
प्रतियोगिता का शुभारंभ विधिवत रूप से किया गया
बॉक्सिंग पुरुष एवं महिला टूर्नामेंट का शुभारंभ मां शाकुम्भरी विश्वविद्यालय की प्रतिनिधि एवं सेलेक्टर डॉ. रीता बोरा, मुख्य अतिथि चौधरी अमित पंवार, श्रीराम कॉलेज की प्राचार्या डॉ. प्रेरणा मित्तल और डीन एकेडमिक्स डॉ. विनीत कुमार शर्मा की मौजूदगी में किया गया।
इस अवसर पर शारीरिक शिक्षा विभाग के विभागाध्यक्ष प्रमोद कुमार तथा विभाग के सहायक अध्यापक भी उपस्थित रहे। आयोजन की शुरुआत निर्धारित प्रक्रिया के अनुसार की गई और प्रतियोगिता में शामिल खिलाड़ियों का उत्साह बढ़ाया गया।
प्रतियोगिता के दौरान खिलाड़ियों ने अपने-अपने भार वर्ग में मुकाबलों में भाग लिया। विश्वविद्यालय स्तर की टीम के चयन के लिए आयोजित इन मुकाबलों में खिलाड़ियों के प्रदर्शन को महत्वपूर्ण माना गया।
विश्वविद्यालय टीम के चयन के लिए आयोजित हुई प्रतियोगिता
शारीरिक शिक्षा विभाग के विभागाध्यक्ष प्रमोद कुमार ने प्रतियोगिता की जानकारी देते हुए बताया कि मां शाकुम्भरी विश्वविद्यालय द्वारा बॉक्सिंग पुरुष एवं महिला अंतरमहाविद्यालयी टूर्नामेंट के आयोजन की जिम्मेदारी श्रीराम कॉलेज, मुजफ्फरनगर को दी गई थी।
उन्होंने बताया कि इसी जिम्मेदारी के क्रम में विश्वविद्यालय टीम के चयन के लिए पुरुष एवं महिला वर्ग में एकल प्रतियोगिता के मुकाबले आयोजित किए गए। प्रतियोगिता में विभिन्न महाविद्यालयों से आए खिलाड़ियों को अपनी प्रतिभा दिखाने का अवसर मिला।
विश्वविद्यालय टीम के लिए खिलाड़ियों का चयन प्रतियोगिता में उनके प्रदर्शन के आधार पर किया जाना आयोजन का महत्वपूर्ण हिस्सा रहा। ऐसे मुकाबलों में खिलाड़ियों को विश्वविद्यालय स्तर पर अपनी पहचान बनाने का अवसर मिलता है और आगे उच्च स्तर की प्रतियोगिताओं के लिए रास्ता तैयार हो सकता है।
मुख्य अतिथियों और कॉलेज प्रशासन ने बढ़ाया खिलाड़ियों का उत्साह
श्रीराम कॉलेज की प्राचार्या डॉ. प्रेरणा मित्तल ने खिलाड़ियों से परिचय प्राप्त किया और प्रतियोगिता में उनके प्रदर्शन की सराहना की। उन्होंने विभिन्न महाविद्यालयों से आए पुरुष एवं महिला बॉक्सिंग खिलाड़ियों के प्रदर्शन को काबिले तारीफ बताया।
उन्होंने खिलाड़ियों का उत्साहवर्धन करते हुए प्रतियोगिता में हिस्सा लेने वाले सभी प्रतिभागियों के प्रयासों की सराहना की। साथ ही चयनित खिलाड़ियों को विश्वविद्यालय टीम का नेतृत्व करने के लिए बधाई दी।
खेल प्रतियोगिताओं में खिलाड़ियों का मनोबल बढ़ाने के लिए संस्थान के शिक्षकों और अधिकारियों की भूमिका महत्वपूर्ण रहती है। खासकर विश्वविद्यालय स्तर के मुकाबलों में विद्यार्थियों को बेहतर प्रदर्शन के लिए प्रेरित करना खेल संस्कृति को मजबूत करने में मदद करता है।
पुरस्कार वितरण समारोह में भी रही विशेष मौजूदगी
प्रतियोगिता के बाद आयोजित पुरस्कार वितरण कार्यक्रम में चौधरी चरण सिंह स्पोर्ट्स स्टेडियम, मुजफ्फरनगर की उप-क्रीड़ा अधिकारी श्रीमती पूनम बिस्नोई मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहीं। श्रीराम कॉलेज की प्राचार्या डॉ. प्रेरणा मित्तल भी इस अवसर पर मौजूद रहीं।
पुरस्कार वितरण समारोह में पदक जीतने वाले खिलाड़ियों को सम्मानित किया गया। प्रतियोगिता में अलग-अलग भार वर्गों में सफल रहे खिलाड़ियों के लिए यह अवसर उनके प्रदर्शन की औपचारिक सराहना का भी रहा।
खिलाड़ियों के लिए पदक केवल प्रतियोगिता का परिणाम नहीं होते, बल्कि नियमित प्रशिक्षण, अनुशासन और लंबे समय तक किए गए अभ्यास का परिणाम भी होते हैं। कॉलेज स्तर पर हासिल की गई ऐसी उपलब्धियां खिलाड़ियों को आगे विश्वविद्यालय और अन्य उच्च स्तरीय प्रतियोगिताओं के लिए प्रेरित कर सकती हैं।
मां शाकुम्भरी विश्वविद्यालय से जुड़े महाविद्यालयों की खेल प्रतिभाएं एक मंच पर
इस अंतरमहाविद्यालयी टूर्नामेंट में बड़ी संख्या में महाविद्यालयों के खिलाड़ियों के शामिल होने से प्रतियोगिता का दायरा व्यापक रहा। सहारनपुर और मुजफ्फरनगर क्षेत्र के विभिन्न संस्थानों के खिलाड़ियों ने एक-दूसरे के साथ प्रतिस्पर्धा की।
गोचर महाविद्यालय रामपुर मनिहारान, हरि कॉलेज मैनेजमेंट सहारनपुर, एसकेडी डिग्री कॉलेज बघरा, एसकेडीवी झिंझाना, एसवीएम योगा एंड हेल्थ साइंस मुजफ्फरनगर, एमडी कॉलेज सहारनपुर, डीएसएम डिग्री जंढेड़ी, आईआईएमटी कॉलेज सहारनपुर, बीआईटी मुजफ्फरनगर, गवर्नमेंट डिग्री कॉलेज ननौता, एमएल एंड जेएनके गर्ल्स कॉलेज सहारनपुर, जेवी जैन कॉलेज सहारनपुर, श्रीराम कॉलेज मुजफ्फरनगर, डीएवी कॉलेज मुजफ्फरनगर, दून कॉलेज और एसडी कॉलेज मुजफ्फरनगर सहित विभिन्न संस्थानों की भागीदारी रही।
इस तरह प्रतियोगिता में अलग-अलग संस्थानों के खिलाड़ियों को एक ही मंच पर प्रतिस्पर्धा का अवसर मिला। विश्वविद्यालय स्तर पर ऐसे टूर्नामेंट खिलाड़ियों के बीच प्रतिस्पर्धी अनुभव बढ़ाने के साथ-साथ खेल प्रतिभा की पहचान करने में भी उपयोगी होते हैं।
महिला बॉक्सिंग में बढ़ती भागीदारी ने भी खींचा ध्यान
इस प्रतियोगिता में पुरुष खिलाड़ियों के साथ महिला खिलाड़ियों की भागीदारी भी रही। महिला वर्ग में अंशिका त्यागी और शिवांकी का पदक जीतना श्रीराम कॉलेज के लिए विशेष उपलब्धि रही।
बॉक्सिंग जैसे खेलों में महिलाओं की भागीदारी पिछले वर्षों में खेल संस्कृति का महत्वपूर्ण हिस्सा बनी है। कॉलेज और विश्वविद्यालय स्तर की प्रतियोगिताएं छात्राओं को प्रतिस्पर्धात्मक खेलों में अपनी क्षमता प्रदर्शित करने के अवसर प्रदान करती हैं।
शिवांकी का 57 से 60 किलोग्राम भार वर्ग में स्वर्ण पदक हासिल करना और अंशिका त्यागी का 48 से 51 किलोग्राम वर्ग में दूसरा स्थान प्राप्त करना महिला वर्ग में श्रीराम कॉलेज के प्रदर्शन को मजबूत बनाता है।
खेल और शिक्षा के बीच संतुलन का उदाहरण बने खिलाड़ी
प्रतियोगिता में पदक जीतने वाले खिलाड़ी अलग-अलग शैक्षणिक कार्यक्रमों में अध्ययनरत हैं। शिवम देव बीकॉम प्रथम वर्ष, लक्ष्य बीसीए तृतीय वर्ष, श्रेयराज बीपीएड प्रथम वर्ष और अनुराग सैनी बीपीईएस द्वितीय वर्ष के छात्र हैं।
महिला वर्ग में अंशिका त्यागी बीपीईएस तृतीय वर्ष तथा शिवांकी बीपीएड प्रथम वर्ष की छात्रा हैं। इससे स्पष्ट होता है कि प्रतियोगिता में शारीरिक शिक्षा से जुड़े विद्यार्थियों के साथ-साथ अन्य शैक्षणिक कार्यक्रमों के विद्यार्थियों ने भी भाग लिया।
शैक्षणिक संस्थानों में खेल गतिविधियां विद्यार्थियों को प्रतिस्पर्धा, अनुशासन और टीम भावना विकसित करने का अवसर देती हैं। वहीं नियमित अभ्यास और प्रतियोगिता का अनुभव खिलाड़ियों के व्यक्तिगत विकास में भी योगदान कर सकता है।
आयोजन में शारीरिक शिक्षा विभाग की महत्वपूर्ण भूमिका
पूरे आयोजन में श्रीराम कॉलेज के शारीरिक शिक्षा विभाग की भूमिका महत्वपूर्ण रही। विभागाध्यक्ष प्रमोद कुमार के नेतृत्व में प्रतियोगिता से जुड़ी व्यवस्थाओं को संचालित किया गया।
उनके साथ प्रवक्ता भूपेन्द्र कुमार, डॉ. अब्दुल अजीज खान, संदीप, अमरदीप, प्रशान्त तथा तरुण आदि का भी योगदान रहा। प्रतियोगिता जैसे बड़े आयोजन में खिलाड़ियों की भागीदारी, मुकाबलों का संचालन, विभागीय समन्वय और पुरस्कार वितरण जैसी गतिविधियों के लिए टीमवर्क आवश्यक होता है।
कॉलेज प्रशासन और शारीरिक शिक्षा विभाग के सहयोग से आयोजित इस प्रतियोगिता में विश्वविद्यालय की ओर से प्रतिनिधित्व कर रहीं डॉ. रीता बोरा की भूमिका भी महत्वपूर्ण रही।
श्रीराम कॉलेज के लिए पदकों से बढ़ा उत्साह
पुरुष और महिला वर्ग में कई खिलाड़ियों के पदक जीतने से श्रीराम कॉलेज के खेल विभाग और खिलाड़ियों में उत्साह का माहौल बना। खास तौर पर लक्ष्य और शिवांकी के स्वर्ण पदक ने कॉलेज की उपलब्धियों में महत्वपूर्ण स्थान बनाया।
शिवम देव और अंशिका त्यागी ने द्वितीय स्थान हासिल किया, जबकि श्रेयराज और अनुराग सैनी ने तृतीय स्थान प्राप्त किया। इस तरह पुरुष एवं महिला दोनों वर्गों में कॉलेज की उपस्थिति पदक तालिका में दिखाई दी।
एक ही प्रतियोगिता में अलग-अलग भार वर्गों में कई खिलाड़ियों का सफल प्रदर्शन कॉलेज के लिए खेल गतिविधियों के लिहाज से महत्वपूर्ण रहा।
विश्वविद्यालय स्तर पर आगे बढ़ने का अवसर
अंतरमहाविद्यालयी प्रतियोगिताओं का एक महत्वपूर्ण उद्देश्य विद्यार्थियों को विश्वविद्यालय स्तर पर प्रतिस्पर्धा का अनुभव देना और प्रतिभाशाली खिलाड़ियों की पहचान करना होता है। इस प्रतियोगिता में भी विश्वविद्यालय टीम के चयन की प्रक्रिया से खिलाड़ियों को आगे बढ़ने का अवसर मिला।
जो खिलाड़ी अपने-अपने वर्ग में बेहतर प्रदर्शन करते हैं, उनके लिए विश्वविद्यालय स्तर पर प्रतिनिधित्व का अवसर महत्वपूर्ण हो सकता है। इससे खिलाड़ियों को भविष्य की बड़ी प्रतियोगिताओं के लिए प्रतिस्पर्धात्मक अनुभव हासिल होता है।
श्रीराम कॉलेज के खिलाड़ियों ने इस प्रतियोगिता में अपने प्रदर्शन के माध्यम से यह साबित किया कि कॉलेज के विद्यार्थी बॉक्सिंग जैसे प्रतिस्पर्धात्मक खेलों में भी सक्रिय रूप से हिस्सा ले रहे हैं।
मुजफ्फरनगर के खेल जगत में कॉलेजों की भूमिका
मुजफ्फरनगर में कॉलेज और विश्वविद्यालय स्तर की खेल प्रतियोगिताएं स्थानीय खेल प्रतिभाओं को मंच देने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती हैं। अलग-अलग संस्थानों के खिलाड़ी जब एक ही प्रतियोगिता में हिस्सा लेते हैं, तो उन्हें अपनी क्षमता का आकलन करने और बेहतर खिलाड़ियों से प्रतिस्पर्धा करने का अवसर मिलता है।
बॉक्सिंग जैसी व्यक्तिगत प्रतिस्पर्धा वाली खेल विधाओं में खिलाड़ी का प्रदर्शन उसके अभ्यास, तकनीकी तैयारी, शारीरिक फिटनेस और मुकाबले के दौरान मानसिक एकाग्रता जैसे कई पहलुओं पर निर्भर करता है।
इसी कारण अंतरमहाविद्यालयी प्रतियोगिताएं केवल पदक जीतने तक सीमित नहीं होतीं। वे खिलाड़ियों को वास्तविक प्रतिस्पर्धात्मक वातावरण का अनुभव भी प्रदान करती हैं।
श्रीराम कॉलेज में खेल गतिविधियों को मिला नया प्रोत्साहन
श्रीराम कॉलेज में आयोजित इस प्रतियोगिता से खेल गतिविधियों को भी प्रोत्साहन मिला। पुरुष और महिला खिलाड़ियों के लिए मुकाबले आयोजित होने से विद्यार्थियों को अपनी खेल प्रतिभा दिखाने का अवसर मिला।
कॉलेज प्रशासन की ओर से खिलाड़ियों का उत्साहवर्धन किए जाने और पदक विजेताओं को सम्मानित किए जाने से विद्यार्थियों के बीच खेलों के प्रति रुचि बढ़ाने में मदद मिल सकती है।
खेलों में सफलता हासिल करने वाले विद्यार्थियों के लिए संस्थागत समर्थन महत्वपूर्ण होता है। प्रशिक्षण, अभ्यास, प्रतियोगिताओं में भागीदारी और उचित मार्गदर्शन खिलाड़ियों को आगे बढ़ने में मदद करते हैं।
शिवांकी और लक्ष्य की स्वर्णिम उपलब्धि, कई खिलाड़ियों ने जीते पदक
मुजफ्फरनगर में आयोजित इस अंतरमहाविद्यालयी बॉक्सिंग प्रतियोगिता में श्रीराम कॉलेज का प्रदर्शन कई मायनों में खास रहा। पुरुष वर्ग में लक्ष्य ने 55 से 60 किलोग्राम भार वर्ग में स्वर्ण पदक जीता, जबकि महिला वर्ग में शिवांकी ने 57 से 60 किलोग्राम भार वर्ग में स्वर्ण पदक हासिल किया।
इसके अलावा शिवम देव और अंशिका त्यागी ने अपने-अपने भार वर्गों में द्वितीय स्थान प्राप्त किया। श्रेयराज और अनुराग सैनी ने तृतीय स्थान हासिल किया। इस तरह श्रीराम कॉलेज के खिलाड़ियों ने पुरुष एवं महिला दोनों वर्गों में अपनी उपस्थिति दर्ज कराई।
प्रतियोगिता के आयोजन की जिम्मेदारी श्रीराम कॉलेज को सौंपे जाने के बाद कॉलेज के शारीरिक शिक्षा विभाग ने इसे आयोजित किया। विश्वविद्यालय प्रतिनिधि डॉ. रीता बोरा, मुख्य अतिथि चौधरी अमित पंवार, प्राचार्या डॉ. प्रेरणा मित्तल, डीन एकेडमिक्स डॉ. विनीत कुमार शर्मा और विभागीय अधिकारियों की मौजूदगी में प्रतियोगिता आगे बढ़ी।
पुरस्कार वितरण कार्यक्रम में उप-क्रीड़ा अधिकारी श्रीमती पूनम बिस्नोई की मौजूदगी ने आयोजन को औपचारिक रूप से पूर्ण किया। इस अवसर पर खिलाड़ियों की उपलब्धियों को सम्मान मिला और प्रतियोगिता में हिस्सा लेने वाले विद्यार्थियों का उत्साह बढ़ाया गया।
श्रीराम कॉलेज के लिए यह प्रतियोगिता इसलिए भी महत्वपूर्ण रही क्योंकि इसमें केवल एक-दो खिलाड़ियों ने ही नहीं, बल्कि पुरुष और महिला दोनों वर्गों में कई विद्यार्थियों ने पदक हासिल किए। अब चयनित खिलाड़ियों के सामने विश्वविद्यालय स्तर पर अपने प्रदर्शन को आगे बढ़ाने का अवसर रहेगा।