योगमाया का प्रभाव और देवकी–वसुदेव के छह पुत्रों की कथा
यह सम्पूर्ण चराचर जगत योगमाया के अधीन रहता है।ब्रह्मा से लेकर स्थावर–जंगम सभी प्राणी सत्त्व, रज, तम इन गुणों के द्वारा उन्हीं में गुंथे हुए हैं।इस प्रकार योगमाया की बड़ी महिमा है। ब्रह्मा, रुद्र, इन्द्र, वरुण, यम, कुबेर, अग्नि, सूर्य, चन्द्र आदि देवता, ऋषि-मुनि—ये सब बाजीगर के अधीन कठपुतली की भाँति सदा योगमाया के अधीन […]