चार धाम यात्रा 2 दिन के लिए स्थगित, भारी बारिश और भूस्खलन से बिगड़े हालात

चार धाम यात्रा से जुड़ा बड़ा अपडेट सामने आया है। यात्रा को 2 दिन के लिए स्थगित कर दिया गया है। मौसम को ध्यान में रखते हुए ये फैसला लिया गया है।
हरिद्वार: चार धाम यात्रा से जुड़ी बड़ी खबर है। चार धाम यात्रा को 2 दिन के लिए स्थगित कर दिया गया है। भारी बारिश और भूस्खलन की वजह से ये फैसला लिया गया है।
बता दें कि चार धाम यात्रा मंगलवार और बुधवार के लिए स्थगित रहेगी।

गढ़वाल मंडल के आयुक्त का सामने आया बयान
गढ़वाल मंडल के आयुक्त द्वारा अवगत कराया गया है कि चारधाम यात्रा मार्ग कई स्थानों पर भूस्खलन से अवरुद्ध होने तथा भारी वर्षा के अलर्ट के कारण यात्रियों की सुरक्षा के दृष्टिगत आज और कल के लिए चारधाम यात्रा स्थगित की गई है। मौसम अनुकूल होने पर यात्रा दोबारा प्रारंभ की जाएगी।

चार धाम यात्रा कहां से शुरू होती है?
चार धाम यात्रा सामान्य रूप से हरिद्वार या ऋषिकेश से शुरू की जाती है। यात्रा के दौरान श्रद्धालु यमुनोत्री, गंगोत्री, केदारनाथ और बद्रीनाथ जाते हैं और दर्शन करते हैं। यात्रा मुख्य रूप से मई-जून से नवंबर तक खुली रहती है और सर्दियों में बर्फबारी के कारण बंद हो जाती है।

चार धाम यात्रा का महत्व क्या है?
सनातन धर्म में चारधाम यात्रा का क्या विशेष महत्व है? अक्सर ये सवाल मन में आता है। दरअसल मान्यता है कि इसे करने से मोक्ष की प्राप्ति होती है और इंसान को अपने पापों से मुक्ति मिलती है। हिमालय की दिव्य वादियों में तीर्थयात्रा से भक्तों को सकारात्मक ऊर्जा मिलती है। हर साल लाखों की संख्या में भक्त यहां जाते हैं।

अगले 15 घंटों में कैसा रहेगा मौसम?
गंगोत्री, केदारनाथ, बद्रीनाथ और आसपास के क्षेत्रो में बिजली कड़कने के साथ भारी से बहुत भारी बारिश होने की संभावना है। इस दौरान आंधी-तूफान के भी आने की संभावना है। लोगों से अलर्ट रहने के लिए कहा गया है और अपील की गई है कि लोग सुरक्षित स्थानों पर रहें और बेवजह बाहर नहीं निकलें।

बता दें कि इससे पहले फरवरी 2026 में ये खबर भी सामने आई थी कि चार धाम यात्रा के लिए ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन में बदलाव हुआ है और अब श्रद्धालुओं को फीस देनी होगी। फीस तय करने के लिए गढ़वाल डिवीजन के एडिशनल कमिश्नर की अध्यक्षता में एक कमेटी बनाई गई थी।

Similar Posts

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *